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प्रस्तावना

राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान, (नाइलिट), कालीकट नई दिल्ली नाइलिट का एक केन्द्र है, जो इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी विभाग, संचार और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय, भारत सरकार का एक स्वायत्त निकाय है। यह केन्द्र सूचना प्रौद्योगिकी तथा इलेक्ट्रॉनिकी के क्षेत्र में शिक्षण, प्रशिक्षण, अनुसंधान एवं विकास तथा परामर्श-सेवा का एक अग्रणी संगठन है।

नाइलिट का इतिहास वर्ष 1974 से शुरू होता है जब इलेक्ट्रॉनिकी विभाग, अब  इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी विभाग, भारत सरकार तथा विश्वविद्यालय अनुदान आयोग ने स्विस विकास निगम के सहयोग से भारतीय विज्ञान संस्थान, बंगलौर के परिसर के अन्दर प्रथम सीईडीटी की स्थापना की। 

इसका उद्देश्य शैक्षिक संस्थानों और उद्योग के बीच के अन्तराल को दूर करना था। सीईडीटी, बंगलौर के सफलतापूर्वक चलने के एक दशक के बाद, तत्कालीन इलेक्ट्रॉनिकी विभाग ने इलेक्ट्रॉनिकी डिजाइन के विभिन्न स्तरों पर तथा विभिन्न विशिष्ट क्षेत्रों में मानव संसाधनों का विकास करने के व्यापक उद्देश्य से देश के दूसरे भागों में इसी प्रकार के केन्द्र स्थापित करने का एक कार्यक्रम आरम्भ किया।   

सीईडीटी, कालीकट की स्थापना वर्ष 1989 में की गई। बाद में इसका नाम वर्ष 2002 में बदलकर डीओईएसीसी केन्द्र कालीकट रखा गया। केन्द्र ने वर्ष 2011 से अपना वर्तमान नाम नाइलिट अपनाया। वर्तमान मूलसंरचना का विकास केरल सरकार द्वारा उपलब्ध कराए गए 25 एकड़ के परिसर में किया गया है और इसमें उन्नत सुविधाएँ उपलब्ध हैं। सुन्दर भवन में अद्यतन तकनीकी जानकारी की कई प्रयोगशालाएँ हरे-भरे वातावरण में तैयार की गई है। 

केरल की अनूठी शैली में बनी भवनों की वास्तुकला, एनआईटी, आईआईएम जैसे विश्वस्तरीय संस्थानों के सान्निध्य के कारण यह देश का एक सर्वोत्कृष्ट नाइलिट केन्द्र है। यह केन्द्र विभिन्न औपचारिक तथा अनौपचारिक कार्यक्रमों के माध्यम से बढ़िया क्वालिटी के उद्योग उन्मुखी अद्यतन तकनीकी जानकारी के शिक्षण तथा प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाता है। यह केन्द्र सूचना, इलेक्ट्रॉनिकी एवं संचार इलेक्ट्रॉनिकी (आईईसीटी) के क्षेत्र में मानव संसाधन विकास से संबंधित विभिन्न सरकारी योजनाओं की कार्यान्वयन एजेंसी है। केन्द्र अनुसंधान एवं विकास से संबधित कार्यकलाप भी करता है और उत्पाद विकास तथा औद्योगिक परामर्श-सेवा प्रदान करता है। 

केन्द्र में सूचना प्रौद्योगिकी, उत्पाद डिजाइन, डिजिटल प्रणालियों, प्रक्रिया नियंत्रण एवं यंत्रीकरण और कैड/कैम के क्षेत्र में अद्यतन प्रणालियों तथा विकास उपकरणों से पूर्णतः सुसज्जित 5 उत्कृष्ट प्रयोगशालाएँ हैं। उपर्युक्त क्षेत्रों में केन्द्र के पुस्तकालय में रखी बड़ी संख्या में संदर्भ पुस्तकों के संग्रह तथा आईईईई ऑनलाइन जर्नलों के अभिगम और एनकेएन सम्पर्क के लाभ विद्यार्थियों को प्राप्त होते हैं। सभी प्रयोगशालाएँ, पुस्तकालय तथा कार्यालय एक केन्द्रीय नेटवर्क से जुड़े हैं और विद्यार्थी अच्छी तरह सम्पर्कित वाई-फाई प्रणाली के जरिए जुड़े अपने टर्मिनलों से ही अपेक्षित सूचना प्राप्त कर सकते हैं। 

परिसर के अन्दर स्थित सभी सुविधाओं से पूर्णतया सुसज्जित नाइलिट कालीकट के छात्रावासों (महिला एवं पुरुष) में लगभग 200 विद्यार्थी रह सकते हैं। 100 और विद्यार्थियों के आवास के लिए एक नए छात्रावास के निर्माण का कार्य चल रहा है

नाइलिट कालीकट ने टिस्को, बीपीएल, बीपीएल टेलीकॉम, केईएल, कन्नूर विश्वविद्यालय, केरल फीड्स, केसीएमएमएफ लि. आदि जैसे प्रतिष्ठित संगठनों के लिए कई सॉफ्टवेयर विकास तथा इलेक्ट्रॉनिक डिजाइन परियोजनाओं का निष्पादन किया है। कम्प्यूटर सॉफ्टवेयर तथा हार्डवयर पाठ्यक्रम चलाने के लिए केरल में नाइलिट कालीकट के इस समय 50 प्राधिकृत प्रशिक्षण केन्द्र हैं। कालीकट विश्वविद्यालय के अन्तर्गत अन्तर्निर्मित प्रणालियों में एम.टेक, इलेक्ट्रॉनिक डिजाइन एवं प्रौद्योगिकी में एम.टेक, एमसीए जैसे दीर्घकालीन नियमित कार्यक्रम भी केन्द्र द्वारा चलाए जाते हैं।  

नाइलिट कालीकट केरल तथा कर्णाटक के कुछ जिलों के अनुसूचित जाति/जनजाति, अल्पसंख्यक समुदाय तथा महिलाओं के लिए केन्द्र सरकार द्वारा प्रायोजित विभिन्न रोजगार उन्मुखी कार्यक्रमों के लिए एक कार्यान्वयन एजेंसी भी है। 

इस केन्द्र को पीएचडी कार्यक्रम चलाने के लिए कालीकट विश्वविद्यालय द्वारा हालही में एक अनुसंधान केन्द्र के रूप में मान्यता प्रदान की गई है। 

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